सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइंस: दिल्ली-एनसीआर में इस साल ग्रीन पटाखों को मिली सीमित मंज़ूरी!

सुप्रीम कोर्ट ने इस साल दिवाली पर दिल्ली-एनसीआर में ग्रीन पटाखों की बिक्री और उपयोग की सशर्त अनुमति दे दी है। कोर्ट ने कहा कि 2018 से अब तक पटाखों पर लगाई गई सख्त रोक से अपेक्षित प्रदूषण नियंत्रण नहीं हो पाया है। इसके उलट, प्रतिबंधित पटाखों की तस्करी और अवैध बिक्री में इज़ाफा हुआ है, जिससे प्रदूषण पर नियंत्रण के प्रयास कमजोर पड़े हैं।

न्यायालय ने यह भी स्पष्ट किया कि अब केवल वही पटाखे बेचे और चलाए जा सकेंगे जो वैज्ञानिक अनुसंधान संस्था **NEERI (नेशनल एनवायरनमेंटल इंजीनियरिंग रिसर्च इंस्टिट्यूट)** के फॉर्मूले पर आधारित हों और **PESO (Petroleum and Explosives Safety Organisation)** से लाइसेंस प्राप्त निर्माताओं द्वारा बनाए गए हों। इन ग्रीन पटाखों पर QR कोड अनिवार्य रहेगा जिससे उनकी वैधता की पुष्टि की जा सके।

बिक्री की अवधि 18 से 20 अक्टूबर के बीच सीमित स्थानों पर तय की गई है। वहीं, पटाखे चलाने की अनुमति केवल दो समय स्लॉट में दी गई है — सुबह 6 से 7 बजे तक और शाम 8 से 10 बजे तक। इससे ध्वनि और वायु प्रदूषण पर नियंत्रण रखने की कोशिश की गई है।

कोर्ट ने ई-कॉमर्स वेबसाइटों के जरिए पटाखों की बिक्री पर पूरी तरह से प्रतिबंध बनाए रखा है, ताकि ऑनलाइन अवैध पटाखों की आपूर्ति न हो सके। साथ ही, पुलिस पेट्रोलिंग और पटाखों के सैंपल की जांच के निर्देश भी दिए गए हैं ताकि नियमों का उल्लंघन न हो।

सुप्रीम कोर्ट ने अपने आदेश में यह भी कहा कि यह फैसला "उत्सव की भावना" और पटाखा उद्योग से जुड़े लाखों लोगों के हितों को संतुलन में रखते हुए लिया गया है। न्यायालय ने यह भी दोहराया कि पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ लोगों की आजीविका और धार्मिक भावनाओं का सम्मान भी आवश्यक है।

यह निर्णय एक संतुलित दृष्टिकोण का प्रतीक है, जो पर्यावरणीय जिम्मेदारी और सांस्कृतिक परंपराओं के बीच सामंजस्य स्थापित करने की कोशिश करता है।
 

Leave Your Message

Don’t worry ! Your email address will not be published. Required fields are marked (*).

ट्रेंडिंग

शॉर्ट्स

हमारा देश

गैलरी

विदेश

शॉर्ट्स

मनोरंजन से

गैलरी

खेल-कूद

शॉर्ट्स

ग्रह-नक्षत्र

जरा इधर भी

शॉर्ट्स

ब्रॉडकास्ट्स