92 सांसद हुए निलंबित, विपक्ष हमलावर!
संसद की सुरक्षा में चूक को लेकर, विपक्षी दल हमलावर हैं। इसी के बीच कल सोमवार को 78 अठहत्तर सांसदों को सदन से पूरे शीतकालीन सत्र के लिए निलंबित कर दिया गया। इनमें राज्यसभा के 45 और लोकसभा के 33 सांसद शामिल हैं। मौजूदा शीतकालीन सत्र से अब तक 92 सांसदों को निलंबित किया गया है। इससे पहले गुरुवार को भी लोकसभा के 13 और राज्यसभा के एक सांसद को निलंबित किया गया था। इस कार्रवाई को विपक्षी दलों ने लोकतंत्र की हत्या बताया है। वहीँ विपक्ष आज से संसद की कार्यवाही का बहिष्कार करेगा।
वहीं सरकार ने कहा कि बार-बार लोकसभा स्पीकर और राज्यसभा के सभापति का अपमान किया जा रहा था। संसद की सुरक्षा में चूक के मुद्दे पर विपक्षी सांसद, गृह मंत्री अमित शाह के बयान पर अड़े रहे और दोनों ही सदनों में हंगामा किया। दिनभर के हंगामे के बाद दोपहर करीब साढ़े तीन बजे कांग्रेस के नेता अधीर रंजन चौधरी समेत 33 सांसदों को लोकसभा से पूरे शीतकालीन सत्र के लिए निलंबित कर दिया गया। इसके बाद करीब साढ़े चार बजे राज्यसभा से जयराम रमेश और केसी वेणुगोपाल सहित 45 सांसदों को निलंबित किया गया।
वहीं इसके अलावा लोकसभा से के. जयकुमार, विजय वसंत और अब्दुल खालिक को विशेषाधिकार समिति की रिपोर्ट आने तक निलंबित किया गया हैं। केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने सांसदों के निलंबन पर विपक्षी आलोचनाओं पर कहा कि बार-बार ये लोग सदन का अपमान कर रहे थे. उन्होंने कहा, '' राज्यसभा और लोकसभा में विपक्ष और सहयोगी दल घमंडिया गठबंधन के सदस्यों ने भद्दा हंगामा किया। सदन का अपमान किया। लोकतंत्र के मंदिर में देश को इन लोगो ने शर्मिंदा किया है। स्पीकर ओम बिरला और चेयरमैन जगदीप धनखड़ का अपमान किया गया। इसे देश नहीं सहेगा।''
वहीँ कांग्रेस के बचाव में मल्लिकार्जुन खरगे ने सरकार पर निशाना साधा। खरगे ने एक्स पर पोस्ट किया, ‘‘सबसे पहले कुछ लोगों ने संसद पर हमला किया। फिर मोदी सरकार संसद और लोकतंत्र पर हमला कर रही है। तानाशाही मोदी सरकार द्वारा अभी तक 92 विपक्षी सांसदों को निलंबित कर सभी लोकतांत्रिक प्रणालियों को कूड़ेदान में फेंक दिया गया है। उन्होंने कहा, ‘‘हमारी दो सरल और वास्तविक मांगें हैं - केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को संसद की सुरक्षा में अक्षम्य चूक पर संसद के दोनों सदनों में बयान देना चाहिए और इस पर विस्तृत चर्चा होनी चाहिए।















































































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