कोच गंभीर के फेवरेट हर्षित राणा पर उठे सवाल, श्रीकांत बोले — “चयन अब योग्यता से नहीं, पसंद से होता है!”

भारत के पूर्व चीफ सेलेक्टर और दिग्गज क्रिकेटर कृष्णमाचारी श्रीकांत ने हाल ही में टीम इंडिया के चयन को लेकर सवाल उठाए हैं। उन्होंने खास तौर पर तेज गेंदबाज हर्षित राणा को वनडे टीम में शामिल किए जाने पर नाराजगी जताई है। श्रीकांत का कहना है कि भारतीय टीम मैनेजमेंट और चयन समिति (BCCI Selectors) के लगातार बदलते फैसले खिलाड़ियों में भ्रम और अस्थिरता पैदा कर रहे हैं।

दरअसल, हर्षित राणा, जिन्होंने नवंबर 2024 से लेकर सिर्फ चार महीने के भीतर भारत के लिए क्रिकेट के तीनों प्रारूपों — टेस्ट, वनडे और टी20 — में डेब्यू कर लिया है, अब ऑस्ट्रेलिया दौरे पर तीन मैचों की वनडे सीरीज़ के लिए विशेषज्ञ तेज गेंदबाज के रूप में शामिल किए गए हैं। हाल ही में वे एशिया कप 2025 की विजेता भारतीय टीम का भी हिस्सा थे। हालांकि, उनके प्रदर्शन पर नजर डालें तो उन्होंने एशिया कप में दो मैचों में 79 रन खर्च किए और सिर्फ दो विकेट हासिल किए। यही कारण है कि उनके चयन ने क्रिकेट जगत में बहस छेड़ दी है।

श्रीकांत ने कहा कि इस तरह के चयन से खिलाड़ियों का आत्मविश्वास प्रभावित होता है। उन्होंने कहा,

“लगातार इस तरह के चयन करके, वे (सेलेक्टर्स) खिलाड़ियों को ही भ्रमित कर रहे हैं। कभी यशस्वी जायसवाल टीम में होते हैं, फिर अगले ही पल बाहर कर दिए जाते हैं। ऐसा लगता है कि केवल एक ही स्थायी सदस्य है — हर्षित राणा। कोई नहीं जानता कि वह हर बार टीम में क्यों हैं।”

पूर्व सेलेक्टर ने टीम मैनेजमेंट पर तंज कसते हुए कहा कि चयन प्रक्रिया में कोई स्थिरता नहीं दिख रही। उन्होंने आगे कहा कि जब अच्छे प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को मौका नहीं दिया जाता और कमजोर प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को लगातार प्राथमिकता दी जाती है, तो इससे चयन प्रणाली की विश्वसनीयता पर सवाल उठते हैं। श्रीकांत ने व्यंग्य करते हुए कहा,

“सबसे अच्छा यही है कि आप हर्षित राणा की तरह बनें और कोच गौतम गंभीर की हां में हां मिलाते रहें, तभी चयन संभव है।”

श्रीकांत ने आगे कहा कि अब समय है कि टीम इंडिया 2027 वर्ल्ड कप की तैयारी शुरू करे, लेकिन चयनकर्ताओं के फैसले देखकर ऐसा नहीं लगता। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर टीम प्रबंधन हर्षित राणा और नीतीश रेड्डी जैसे खिलाड़ियों को संभावितों में शामिल करता रहेगा, तो “ट्रॉफी को अलविदा कहने के लिए तैयार रहना होगा।”

इतना ही नहीं, श्रीकांत ने हर्षित राणा के मैदान पर व्यवहार को भी आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि राणा बहुत “फिल्मी” रवैया अपनाते हैं और यह किसी पेशेवर खिलाड़ी के लिए अच्छा संकेत नहीं है। उनके मुताबिक,

“आक्रामकता और दिखावा दो अलग बातें हैं। आईपीएल में भी वे अतिशयोक्तिपूर्ण रिएक्शन देते हैं, जो केवल दिखावा है, असली आक्रामकता नहीं।”

गौरतलब है कि हर्षित राणा को टीम इंडिया के हेड कोच गौतम गंभीर का पसंदीदा खिलाड़ी माना जाता है। यही वजह है कि कई दिग्गज अब यह सवाल उठा रहे हैं कि क्या टीम चयन योग्यता पर आधारित है या फिर व्यक्तिगत पसंद पर?
श्रीकांत की ये टिप्पणियाँ भारतीय क्रिकेट में चयन नीति पर नए सिरे से बहस छेड़ चुकी हैं।

Leave Your Message

Don’t worry ! Your email address will not be published. Required fields are marked (*).

ट्रेंडिंग

शॉर्ट्स

हमारा देश

गैलरी

विदेश

शॉर्ट्स

मनोरंजन से

गैलरी

खेल-कूद

शॉर्ट्स

ग्रह-नक्षत्र

जरा इधर भी

शॉर्ट्स

ब्रॉडकास्ट्स